Hindi Poetry Quotes 2021

शामें


कई शामें लौटकर जा रही थी !
सुबह से नाराज़गी थी क्या ?

 वो सुबह जो साथ अपने कई सपने लेकर आयी थी  !
शामें उनको भी तोड़कर आयी थी क्या ?

Hindi Poetry Quotes Written By Priya Pandey 2021 शामें कई शामें लौटकर जा रही थी!सुबह से नाराज़गी थी क्या? वो सुबह जो साथ अपने कई सपने लेकर आयी थी !शामें उनको भी तोड़कर आयी थी क्या?Hindi Poem, Poetry, Quotes, कविता, Written by Priya Pandey Author and Hindi Content Writer. हिंदी कहानियां, हिंदी कविताएं, विचार, लेख.

Kai Shame Lautkar Ja Rahi Thi ! 
Subah Se Naraazgi Thi Kya ? 

Vo Subah Jo Saath Apne Kai Sapne Lekar Aayi Thi ! 
Shame Unko Bhi Todkar Aayi Thi Kya ?



अटूट विश्वास


निश्छल ही स्वयं को अर्पित जो करता ऐसा होता अटूट विश्वास !
जिनको पाकर स्वयं को खोता ऐसा होता अटूट विश्वास !

आँधियों में रहकर भी कोई आसरे को बसाता ऐसा होता अटूट विश्वास !
आँखों से बहते आंसुओं को एक कंधा मिल जाता ऐसा होता अटूट विश्वास...!!!
 
अटूट विश्वास Hindi Poetry Quotes Written By Priya Pandey 2021 Hindi Poem, Poetry, Quotes, कविता, Written by Priya Pandey Author and Hindi Content Writer. हिंदी कहानियां, हिंदी कविताएं, विचार, लेख.

Nishchal Hi Swayam Ko Arpit Jo Karta Aisa Hota Atoot Vishwash ! 
Jinko Paakar Swayam Ko Khota Aisa Hota Atoot Vishwash ! 

Aandhiyo Mein Rahkar Bhi Koi Aasre Ko Basata Aisa Hota Atoot Vishwash ! 
Aankhon Se Bahte Aansuon Ko Ek Kandha Mil Jata Aisa Hota Atoot Vishwash...!!!